आज के एपिसोड की शुरुआत अरमान के द्वारा: एपिसोड अरमान द्वारा नोटों को वापस बटुए में रखने और रूही से कहने से शुरू होता है कि उसे थोड़ी देर इंतजार करना होगा।

अबीरा अक्षरा की युवराज के पिता से मुलाकात के बारे में सोचती है और भगवान से प्रार्थना करती है कि वह युवराज के पिता को उसके पीछे आने से रोके।

स्वर्णा रूही से उसके डर का कारण पूछती है और रूही इससे इनकार करने की कोशिश करती है।

रूही अपना मन बदलती है और स्वर्णा से कहती है कि वह उस व्यक्ति का इंतजार कर रही है जो उसे कॉल करना पसंद करता है।

अरमान लगातार किसी से परेशान रहता है और रूही को कॉल करने में असमर्थ होता है, और समय और अधिक दूर होता जाता है।

स्वर्णा मुस्कुराती है और पूछती है कि भाग्यशाली व्यक्ति कौन है।

रूही की आत्म-निर्भरता: रूही कहती है कि जब वह फोन करेगी तो वह उसे बता देगी।

अरमान लगातार किसी से परेशान रहता है और समय के साथ उसका मानसिक डर गुस्से में बदल जाता है।

अरमान अपना फोन फर्श पर गिरा देता है, जिससे उसकी रूही से कॉल करने की असमर्थता और उत्सुकता दिखती है।

रूही को अरमान का कॉल नहीं मिलता, जिससे इंतजार का बोझ उस पर बढ़ता है।